अपने - अपने राम

सबके अपने - अपने राम
अपने अपने झंडे
अपने अपने धाम !

सबकी अपनी-अपनी गलिया
अपनी-अपनी राह
अपनी-अपनी धुप
अपनी-अपनी छाए !

सबकी अपनी-अपनी सुबह
अपनी-अपनी शाम
अपने अपने झंडे
अपने अपने धाम !

सबके अपने अपने तोल
अपने अपने पैमाने
अपनी-अपनी मंडी
अपने अपने मैखाने !

सबकी अपनी-अपनी फितरत
अपने अपने दाम
अपने अपने झंडे
अपने अपने धाम !

सबकी अपनी-अपनी खुशियां
अपने अपने सुख
अपनी-अपनी पीड़ा
अपने अपने दुःख


सबकी अपनी-अपनी माझिल
अपने अपने मुकाम
अपने अपने झंडे
अपने अपने धाम !

सबके अपने अपने गीत
अपने अपने गान
 अपनी-अपनी धुन
 अपनी-अपनी तान

सबकी अपनी-अपनी नीरवता
अपने अपने कोहराम
अपने अपने झंडे
अपने अपने धाम !

सबकी अपनी-अपनी भक्ति
अपनी-अपनी  शक्ति
अपने अपने मान
अपने अपने गुमान !

सबकी अपनी-अपनी प्रार्थना
अपने अपने प्रणाम
अपने अपने झंडे
अपने अपने धाम !

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